बाल लेखक डा. राकेश चक्र ने बच्चों को पुस्तकें वितरित की
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मसूरी। बाल लेखक डॉ राकेश चक्र ने राजकीय प्राथमिक विद्यालय नालापानी में बच्चों को निशुल्क पुस्तकें वितरित की व उन्हें प्रोत्साहित करने के साथ ही स्वस्थ रहने के टिप्स दिए।
विद्यालय की प्रधानाचार्या विष्णु माया शाही ने कहा कि विद्यालय में बाल लेखक डॉ. राकेश चक्र ने छात्र- छात्राओं को निशुल्क पुस्तकें वितरित कर स्वस्थ रहने ,जीवन को सफलतम एवं उन्नतिशील बनाने के जरूरी टिप्स दिए। इसके लिए एक्यूप्रेशर, योग, आहार- विहार द्वारा, उन्हें सम्बंधित मूल मंत्र भी दिए। इस मौके पर डॉ राकेश चक्र ने बच्चों को बताया कि हमें अपना उज्ज्वल भविष्य बनाने के लिए अपनी कक्षा में पढ़ रहे सभी विषयों पर मन लगाकर एवं एकाग्रता से पढ़कर अच्छे से अच्छे अंक लाने का प्रयास करना चाहिए। जो बच्चे वर्तमान में अपने समय का खास ध्यान रखते हैं। विद्यालय में जो पढ़ाया जाए उसे घर पर जाकर दोहराते हैं, अर्थात समय का पूर्ण सदुपयोग करते है, वही बच्चे अपना भविष्य उज्ज्वल बनाने में सफलता प्राप्त कर सकते हैं। बच्चे योग अपनाकर एकाग्रता को बढ़ाकर याददाश्त बढ़ा सकते हैं, क्योंकि बिना एकाग्रता बढ़ाए अच्छे अंक नहीं मिलते हैं,आगे नहीं बढ़ सकते हैं। एकाग्रता बढ़ाने के लिए ध्यान मुद्रा करवाई। उन्होंने बताया कि कुछ मुद्राओं को करने से क्या लाभ हैं, कुछ विशेष मुद्राओं को करने से मन का भटकाव नहीं होता है। ध्यान ज्ञान मुद्रा करने से बच्चों की मन की एकाग्रता बढ़ती है। आँखों के लिए प्राण मुद्रा करवाई एवं लाभ बताए। बताया कि रात्रि में सोने से पूर्व दांतों व जीभ की सफाई एवं सुबह का गुनगुना पानी पीना क्यों आवश्यक है इसं संबध में विस्तार से समझाया, इसके साथ ही एक्यूप्रेशर पद्धति, ताली योग और हास्य योग के लाभ बताए, साथ ही दोनों योगों को करवाया। कार्यक्रम में सविता रानी, वंदनापाठक ने पूर्ण सहयोग दिया।
