वन्यजीव सुरक्षा सप्ताह का समापन, मानव-वन्यजीव संघर्ष पर जताई चिंता
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मसूरी। मसूरी वन प्रभाग की ओर से आयोजित वन्यजीव सुरक्षा सप्ताह का समापन वन्यजीव संरक्षण और मानव-वन्यजीव संघर्ष के प्रति जागरूकता का संदेश देते हुए हुआ। इस दौरान विद्यार्थियों और स्थानीय लोगों को वन्यजीवों के संरक्षण, उनके प्रति संवेदनशील व्यवहार तथा संघर्ष की स्थिति में सुरक्षित रहने के उपायों की जानकारी दी गई।
वन्यजीव सुरक्षा सप्ताह के अंतर्गत रायपुर, मसूरी, कैंपटी, बद्रीगढ़, जौनपुर और विनोग हिल रेंज में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए। अभियान के तहत जनजागरूकता गतिविधियों के साथ प्रश्नोत्तरी, वाद-विवाद और चित्रकला प्रतियोगिताएं कराई गईं। इसके अतिरिक्त स्वच्छता अभियान के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया गया। प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को मसूरी वन प्रभाग कार्यालय में आयोजित समापन कार्यक्रम के दौरान प्रभागीय वनाधिकारी डीपी बलूनी ने पुरस्कृत किया। इस अवसर पर पहाड़ी क्षेत्रों में मानव और वन्यजीवों के बीच बढ़ते संघर्ष तथा इससे जुड़ी घटनाओं पर चिंता व्यक्त की गई। अधिकारियों ने कहा कि वन्यजीवों के प्राकृतिक आवासों के आसपास बढ़ती मानवीय गतिविधियों के बीच लोगों को सतर्क रहने और सुरक्षा संबंधी उपायों की जानकारी रखने की आवश्यकता है।
प्रभागीय वनाधिकारी डीपी बलूनी ने बताया कि पूरे देश में वन्यजीव सुरक्षा सप्ताह के दौरान विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। मसूरी वन प्रभाग की ओर से भी मसूरी रेंज सहित विभिन्न क्षेत्रों में गतिविधियां संचालित की गईं। विद्यार्थियों को प्रतियोगिताओं के माध्यम से वन्यजीव संरक्षण का महत्व समझाने और मानव-वन्यजीव संघर्ष की चुनौतियों के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया गया। उन्होंने कहा कि मानव और वन्यजीवों के बीच बढ़ता संघर्ष गंभीर चिंता का विषय है। इसके लिए लोगों में जागरूकता बढ़ाना, वन्यजीवों के प्रति संवेदनशीलता विकसित करना और संभावित खतरे की स्थिति में सुरक्षा के उचित उपाय अपनाना जरूरी है। वन्यजीव सुरक्षा सप्ताह के समापन पर संरक्षण के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी निभाने तथा प्रकृति और वन्यजीवों के साथ संतुलित सह-अस्तित्व बनाए रखने का संदेश दिया गया।
