रेहडी पटरी कमजोर वर्ग समिति शीघ्र पालिका अधिशासी अधिकारी को छह सूत्रीय ज्ञापन देगी

मसूरी। हेहडी पटरी कमजोर वर्ग समिति के तत्वाधान में शहर कांग्रेस कार्यालय में एक बैठक की गयी जिसमें मालरोड से हटाये गये पटरी व्यवसायी मौजूद रहे। बैठक में नासवी के कार्यकारणी सदस्य संजय चोपड़ा ने भी प्रतिभाग किया।
बैठक मे समिति के अध्यक्ष राम किशन राही ने कहा कि बैठक में यह मुददे उठाये गये कि वेंडर को वहंा बिठाये जहां उनका रोजगार चल सके। उन्होंने कहा कि लंढौर में वेडर को भेजना उचित नहीं है वहंा पर्यटक नहीं जाता व सीजन में वहां पर वाहनों का जाम लगता है ऐसे में उनका व्यवसाय नहीं चल सकता। उन्होंने कहा कि उन्हें मालरोड के आसपास वेंडर जोन उपलब्ध करायें ताकि वे अपना रोजगार कर सके। पर्यटक दिन में पर्यटक स्थलों में जाता है व शाम को मालरोड पर घूमता है। इस मौके पर नासवी के सदस्य संजय चोपड़ा ने कहा कि मसूरी नगर पालिका टाउन प्लान बनाये व उसमें पटरी वालों को शामिल किया जाय। उन्होंने कहा कि कोरोना काल में बडे बडे शो रूम वालों ने भी पटरी लगायी लेकिन वह पटरी वाले नहीं माने गये पटरी वह लगाता है जिसके पास कोई काम नहीं है व वह सडक पर पटरी लगाकर परिवार का पालन करता है। उन्होंनेे कहा कि स्ट्रीट वेंडर कोई भी हो सकता है लेकिन उसका नाम पालिका के सर्वे की सूची में शामिल होना चाहिए। जो वेडिग जोन चिन्हित किए गये वहां पर जब तक वेंडिग जोन नही बनता तब तक उन्हें मालरोड पर बैठ कर कारोबार करने देना चाहिए व जब बन जाये तो उन्हें विस्थापित किया जाय। उन्होंने कहा कि छह सूत्रीय मांगों को एक ज्ञापन प्रस्ताव तैयार किया है जिस पर शीघ्र ही चर्चा करने के बाद पालिका के अधिशासी अधिकारी गौरव भसीन को दिया जायेगा। ताकि समस्या का समाधान हो सके। उन्होंने कहा कि स्ट्रीट वेंडर को भारत सरकार ने एक्ट बनाया है जिसमें संविधान ने फुटपाथ पर रोजगार करने का अधिकार दे रखा है। यह एक्ट उत्तराखंड में लागू है व टाउन वेंडिग कमेटी बनी है लेकिन उसमें कोरम पूरा नही है। लेकिन मसूरी में जल्द बाजी में निर्णय लिया गया है। उन्हें ऐसा स्थान दिया जाना चाहिए जहां पर्यटकों का आवागमन हो। उन्होंने कहा कि मसूरी को माडल बनना चाहिए, जबकि नैनीताल, शिमला, मनाली में माडल बने है। पालिका को गरीब लोगों के बारे में सोचना चाहिए। उन्होंने कहा कि टीवीसी का निर्णय मान्य नहीं है जो रजिस्टर संस्था है उसको विश्वास में लेना चाहिए। हमें एक्ट का पालन करवाना है अगर नहीं करते तो आंदोलन किया जायेगा। एक्ट का उलंघन होगा तो विरोध होगा। हिटलरशाही नहीं चलने दी जायेगी, संविधानिक प्रक्रिया को ध्यान में रख कर कार्य किया जाना चाहिए। इस मौके पर बडी संख्या में रेहडी पटरी व्यवसायी मौजूद रहे।

Copyright, Mussoorie Times©2023, Design & Develop by Manish Naithani 9084358715. All rights reserved. | Newsphere by AF themes.