गांधी-शास्त्री के आदर्शों को जीवन में उतारने का संकल्प लेंः गणेश जोशी
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मसूरी। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर मसूरी के गांधी चैक में कार्यक्रम आयोजित किया गया। कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया तथा महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री के चित्रों पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि महात्मा गांधी सत्य और अहिंसा के पुजारी थे। उन्होंने बिना हथियार उठाए सत्य और अहिंसा के मार्ग पर चलते हुए देशवासियों को एकजुट किया और स्वतंत्रता आंदोलन को नई दिशा दी। उन्होंने कहा कि लाल बहादुर शास्त्री नैतिकता, सादगी और ईमानदारी की प्रतिमूर्ति थे। उन्होंने अपने आचरण और निर्णयों से भारतीय राजनीति में आदर्श स्थापित किया।
उन्होंने कहा कि वर्ष 1965 के युद्ध के दौरान शास्त्री ने देश की संप्रभुता और सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया तथा ‘जय जवान, जय किसान’ का नारा देकर जवानों और किसानों का मनोबल बढ़ाया। रेल मंत्री रहते हुए रेल दुर्घटना के बाद नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए उनके इस्तीफे का उल्लेख करते हुए जोशी ने कहा कि उनका यह कदम आज भी सार्वजनिक जीवन के लिए प्रेरणादायी है।
कैबिनेट मंत्री ने उत्तराखंड राज्य आंदोलन के दौरान हुए मुजफ्फरनगर कांड को भी याद किया। पूर्व विधायक जोत सिंह गुनसोला और पूर्व पालिकाध्यक्ष ओपी उनियाल ने भी गांधी एवं शास्त्री को श्रद्धांजलि अर्पित की और देश की आजादी तथा विकास में उनके योगदान को याद किया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता नगर पालिका अध्यक्ष मीरा सकलानी ने की। उन्होंने कहा कि दोनों महापुरुषों की दूरदृष्टि और आदर्श आज भी प्रासंगिक हैं तथा समाज को उनके बताए मार्ग पर चलने की आवश्यकता है। मसूरी गर्ल्स इंटर कॉलेज की छात्राओं ने गांधीजी के प्रिय भजनों की प्रस्तुति दी। कार्यक्रम का समापन वंदे मातरम के साथ हुआ। इस मौके पर भाजपा मंडल अध्यक्ष रजत अग्रवाल, शहर कांग्रेस अध्यक्ष अमित गुप्ता, पूर्व अध्यक्ष मोहन पेटवाल, युवा मोर्चा प्रदेश मंत्री आर्यनदेव उनियाल, सभासद जसबीर कौर, गौरी थापली, रणवीर कंडारी, पवन थलवाल, अरविंद सेमवाल, विजय रमोला, अनिल गोयल, अनीता धनाई, कुशाल राणा सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग एवं छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
